लोकदेवता रामदेव जी

लोकदेवता रामदेव जी का जीवन परिचय व उनसे सम्बन्धित प्रश्न

रामदेव जी राजस्थान के लोकदेवताओ में से एक है | ये अर्जुन के वंशज माने जाते है | इनका जन्म भाद्रपद शुक्ल दूज ( द्वितीया ) को बाडमेर के शिव ऊड़कासमेर गाँव में हुआ |

इनके पिता का नाम अजमाल जी था तथा माता का नाम मैणादे था | “रामसा पीर ” , “रूणीचा रा धणी ” , “बाबा रामदेव ” आदि रामदेव जी के उपनाम है | इनके गुरु का नाम “बालीनाथ” था|

इनके भाई का नाम बीरमदे था | अमरकोट ( वर्तमान पाकिस्तान  में ) सोढा में रहने वाले दलैसिंह की पुत्री नैतलदे / निहालदे  के साथ इनका विवाह हुआ |

पश्चिम भारत में मतान्तरण व्यवस्था को रोकने के लिए रामदेव जी ने अहम भूमिका निभाई | रामदेव जी का सम्बन्ध भैरव राक्षक , लखी बंजारा , रत्ना राईका से था |

रामदेव जी द्वारा हिन्दू समाज को यूरोप की क्रांति से बहुत पहले दिया गया सन्देश समता और बंधुत्व था |मेघवाल जाति के रामदेव जी के भक्त रिखिया कहलाते है |

रामदेव जी को मुसलमान ” रामसा पीर ” तथा हिन्दू ” कृष्ण का अवतार ” मानकर पूजते है |

रामदेव जी के प्रिय यात्री भक्त जातरू कहलाते है | शोषण के विरुद्ध रामदेव जी द्वारा चलाया गया जन – जागरण अभियान जम्मा – जागरण कहलाता है|   

Leave a Comment